श्मशान घाट में मंडराया खतरा…!

Spread the love

संजय एम तराणेकर

(कवि, लेखक व समीक्षक)

इन्दौर, (मध्यप्रदेश)

 

 

श्मशान घाट में मंडराया खतरा…!

 

माँ का निधन हुआ बेटों ने निकाली अंतिम यात्रा,

लेके गए नजदीकी श्मशान घाट मंडराया खतरा।

विवाद अस्सी वर्षीय महिला छीतर रेगर के गहने,

उसने जीवंत रहते ही अंतिम समय तक थे पहने।

मुख्य लोगों ने शव को ‘चिता’ पर रखने से पहले,

श्रृंगार के गहने सेवाभावी बड़े बेटे को सौंपे रहले।

 

माँ का निधन हुआ बेटों ने निकाली अंतिम यात्रा,

लेके गए नजदीकी श्मशान घाट मंडराया खतरा।

यहाँ सब देखकर उसका छोटा भाई बिफर पड़ा,

उन कड़ों के लिए माँ की चिता पे हो गया खड़ा।

इस करतूत से रिश्तेदार-परिवार-समाज लजाया,

उसे खूब समझाया अंततः माँ का कड़ा थमाया।

 

माँ का निधन हुआ बेटों ने निकाली अंतिम यात्रा,

लेके गए नजदीकी श्मशान घाट मंडराया खतरा।

आज सोच रहे होंगे वह माता-पिता यहीं हैं चिता,

जिस पर धन-दौलत पाने के लिए रोक देता बेटा।

क्यों? नहीं बुझती कलयुगी रावणों की यह प्यास,

कैसे भूल जाते बचपन का प्यार हो रहा हैं ह्यास।

 

(संदर्भ-जयपुर में कड़ों के लिए माँ की चिता पर लेटा कलयुगी बेटा)

 

 

  • Related Posts

    साथ-साथ चल सकते हैं आर्थिक विकास और वित्तीय अनुशासन

    Spread the love

    Spread the love  आशीष कुमार चौहान (एनएसई  प्रबंध निदेशक एवं सीईओ)                 (नया अध्याय, देहरादून)   भारत का बजट 2026-27 साथ-साथ चल सकते…

    स्मृतियों की राह में कविता.

    Spread the love

    Spread the love  राजकुमार कुम्भज जवाहरमार्ग, इन्दौर               (नया अध्याय, देहरादून) _____________________ स्मृतियों की राह में कविता. _____________________ कविता नहीं है राख का ढ़ेर …

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *

    You Missed

    साथ-साथ चल सकते हैं आर्थिक विकास और वित्तीय अनुशासन

    • By User
    • February 5, 2026
    • 2 views
    साथ-साथ चल सकते हैं आर्थिक विकास और वित्तीय अनुशासन

    स्मृतियों की राह में कविता.

    • By User
    • February 5, 2026
    • 11 views
    स्मृतियों की राह में कविता.

    आशाओं की छतरी

    • By User
    • February 5, 2026
    • 6 views
    आशाओं की छतरी

    थोड़ा सा इश्क में

    • By User
    • February 5, 2026
    • 6 views
    थोड़ा सा इश्क में

    वासंतिक छवि(दोहे)

    • By User
    • February 5, 2026
    • 12 views
    वासंतिक छवि(दोहे)

    अंजाम-ए- गुलिस्ताँ क्या होगा ?

    • By User
    • February 5, 2026
    • 5 views
    अंजाम-ए- गुलिस्ताँ क्या होगा ?