इरादे

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सुनील कुमार वर्मा                                             बिलासपुर, छत्तीसगढ़

                    (नया अध्याय, उत्तराखण्ड)                                                 (w) 6395080071

 

   इरादे

 

            इरादे गर फौलादी हों तो

            चट्टाने भी टूटकर चूर होती हैं।

            चलने से ही मंजिलें मिलती हैं

            जो कभी हमसे दूर होती हैं।

            जीतने की चाहत भली पर

            दूसरों को नीचा दिखाने की

            आदतें हमेशा मगरूर होती हैं।

            जीवन का सफर 

            कितना भी हो सुखद, सुहाना।

            रुकावटें उसमे जरूर होती हैं।

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