ब्यूरो गोंडा (वजीरगंज): सियाराम पाण्डेय।
गोंडा वजीरगंजः क्षेत्र के पयागपुर में आयोजित जनहित मेले में आयोजित कवि सम्मेलन में कवियों ने भक्ति, हास्य, श्रृंगार व वर्तमान परिदृश्य पर रचनाओं को पढ़ा। अर्चना द्विवेदी ने महाकुंभ को लेकर “छलक रही अमृत गगरिया हो संगम की नगरिया, भीड़ भई भारी सांवरिया हो संगम की नगरिया पढ़ कर अपनी आस्था व्यक्त की। घनश्याम मौर्य भ्रमर ने शब्द शब्द अंगड़ाई न हो वो भी कोई कविता है, सत्ता विरुद्ध लड़ाई न हो वो भी कोई कविता है’ पढ़ी। गयाप्रसाद आनन्द ने पढा आंनद केर है सबसे विनती काश होय जौ पूरी, रहै न केहुस कौनो नफरत रहै न कौनो दूरी। डॉ स्वदेश मल्होत्रा ने कन्या भ्रूण हत्या पर कोखिया से काहे हमका दिहव तू निकार हो बेदर्दी माई, हमहूँ तौ हिस्सा हन तोहार ओ बेदर्दी मायी पढ़कर अपनी भावनाएं व्यक्त की। सुरेंद्र राही ने हास्य रचना चलि गइला सइयां देहरादून हो कि जियरा का सून कइला बलमू पढ़ी। रामानंद सागर ने जो चाहे अपनी बीबी वो राजाराम होता है,जो चाहे गैर की बीबी वो आशाराम होता है पढ़ कर गुदगुदाया। ब्रह्मदेव मधुकर ने बाल समय खुशहाल हमें जिंदगी बरसात सी लागे, आये किशोर कहें झकझोर चकोरी चकोर तलाश सी लागे पढ़ी। रामशंकर रिन्द, चंद्रगत भारती, डॉ आर जे भारती, रविन्द्र कबीर, संतोष अकेला व प्रदीप मौर्य ने समसामयिक रचनाएं पढ़ीं। रविवार को मेले की शरुआत योगाभ्यास से हुआ। 2सौ युवाओं को एलईडी बल्ब बनाने का प्रशिक्षण दिया गया। अब तक 6सौ युवाओं को प्रशिक्षित किया गया। मेले में नारी ज्ञान स्थली एफएम रेडियो द्वारा मेले का सीधा प्रसारण किया गया। रेडियो जॉकी अदनान व एडिटर हरिओम ने मेले को लेकर चर्चा की।रविवार को एमएलसी मंजू सिंह,सीएमओ डॉ रश्मि वर्मा,कमिश्नर की पत्नी गरिमा व गोण्डा कप्तान की पत्नी डॉ तनवी सहित जिलापंचायत सदस्य अमरीश सिंह ने मेले का भ्रमण किया। आयोजक डॉ दीपेन सिन्हा व अनंदिता रजत ने सहयोग के लिए सभी का आभार जताया।







