महाकुंभ में भगदड़ के बाद सीएम योगी आदित्यनाथ ने श्रद्धालुओं से अपील की,अफवाहों पर ध्यान न दें।

Spread the love

महाकुंभ में भगदड़ के बाद सीएम योगी आदित्यनाथ ने श्रद्धालुओं से अपील की,अफवाहों पर ध्यान न दें।

 

           नई दिल्लीः  मौनी अमावस्या के पावन स्नान पर्व पर प्रयागराज सनातनियों का महासागर बन चुका है। संगम में पवित्र डुबकी की आस लिये महाकुम्भ नगर पहुंचे श्रद्धालुओं की बढ़ती भीड़ को देखते हुए प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सहित प्रमुख संतों ने अपील जारी की है।

            मुख्यमंत्री योगी ने कहा है कि श्रद्धालुगण मां गंगा के जिस भी घाट के समीप हैं, वहीं स्नान करें, संगम नोज की ओर जाने का प्रयास न करें। स्नानार्थियों के लिए कई घाट बनाए गये हैं, जहां सुविधाजनक रूप से स्नान किया जा सकता है। उन्होंने सभी से मेला प्रशासन के निर्देशों का पालन करने की अपील की है। सीएम योगी ने सभी से अपील की है कि वह किसी भाी प्रकार के अफवाहों पर ध्यान न दें।

संगम में स्नान का आग्रह छोड़ दें

सीएम योगी के साथ ही धर्म गुरुओं ने भी श्रद्धालुओं से अपील की है। स्वामी रामभद्राचार्य ने महाकुम्भ में आने वाले श्रद्धालुओं से अपील की कि वे सभी संगम में स्नान का आग्रह छोड़ दें और निकटतम घाट पर स्नान करें। लोग अपने शिविर से बाहर न निकलें। अपनी और एक दूसरे की सुरक्षा करें। उन्होंने वैष्णव सम्प्रदाय के प्रमुख संत की हैसियत से सभी अखाड़ों और श्रद्धालुओं से अफवाहों से बचने का आह्वान किया।

आत्म अनुशासन का पालन करते हुए सावधानी पूर्वक स्नान करें

                बाबा रामदेव ने कहा है कि करोड़ों श्रद्धालुओं के इस हुजूम को देखते हुए हमने फिलहाल केवल सांकेतिक स्नान किया है। इसके साथ ही समूचे राष्ट्र और विश्व के कल्याण की कामनाा की गई है। उन्होंने सभी से आग्रह किया कि हम भक्ति के अतिरेक में न बहें और आत्म अनुशासन का पालन करते हुए सावधानी पूर्वक स्नान करें। वहीं जूना अखाड़ा के आचार्य महामंडलेश्वर स्वामी अवधेशानंद गिरी ने भी कहा कि हमने फिलहाल सांकेतिक स्नान किया है।

श्रद्धालुओं की सुरक्षा सबसे ज्यादा जरूरी

                  अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष रविन्द्र पुरी ने बताया कि इस वक्त 12 करोड़ से अधिक श्रद्धालु प्रयागराज में हैं। इतनी बड़ी तादाद में भीड़ को कंट्रोल करना मुश्किल होता है। हमारे साथ लाखों की संख्या में संतों का हुजूम है। हमारे लिए श्रद्धालुओं की सुरक्षा सबसे ज्यादा जरूरी है।
  • Related Posts

    हिमालय महोत्सव में बड़वा के दंपती ने पुत्र प्रज्ञान के साथ लिया भाग, पूर्व केंद्रीय शिक्षा मंत्री डॉ. निशंक से की साहित्य पर चर्चा।

    Spread the love

    Spread the love  ✍️  डा. सत्यवान सौरभ                                               …

    जिला स्तरीय युवा उत्सव के काव्य लेखन में नियति साहू ‘कायनात’ रहीं अव्वल।

    Spread the love

    Spread the love  संवाददाता छत्तीसगढ़ः सरोज कंसारी                          (नया अध्याय, उत्तराखण्ड)                           …

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *

    You Missed

    हिमालय महोत्सव में बड़वा के दंपती ने पुत्र प्रज्ञान के साथ लिया भाग, पूर्व केंद्रीय शिक्षा मंत्री डॉ. निशंक से की साहित्य पर चर्चा।

    • By User
    • November 8, 2026
    • 6 views
    हिमालय महोत्सव में बड़वा के दंपती ने पुत्र प्रज्ञान के साथ लिया भाग, पूर्व केंद्रीय शिक्षा मंत्री डॉ. निशंक से की साहित्य पर चर्चा।

    जिला स्तरीय युवा उत्सव के काव्य लेखन में नियति साहू ‘कायनात’ रहीं अव्वल।

    • By User
    • November 8, 2026
    • 10 views
    जिला स्तरीय युवा उत्सव के काव्य लेखन में नियति साहू ‘कायनात’ रहीं अव्वल।

    बालमन को लुभाने वाली मनोरंजक एवं संवेदनशील कविताओं से सजी पठनीय कृति ‘प्रज्ञान’।

    • By User
    • November 8, 2026
    • 10 views
    बालमन को लुभाने वाली मनोरंजक एवं संवेदनशील कविताओं से सजी पठनीय कृति ‘प्रज्ञान’।

    पटाखों का धुआँ, मिलावट का जायका और दीपावली का ‘विकास’।

    • By User
    • November 8, 2026
    • 15 views
    पटाखों का धुआँ, मिलावट का जायका और दीपावली का ‘विकास’।

    प्रभु श्री राम के नाम एक पैगाम

    • By User
    • November 8, 2026
    • 9 views
    प्रभु श्री राम के नाम एक पैगाम

    अब जुमलों के झांसों में नहीं आने वाली उत्तराखंड की जनता 

    • By User
    • November 8, 2026
    • 10 views
    अब जुमलों के झांसों में नहीं आने वाली उत्तराखंड की जनता