राजेंद्र रंजन गायकवाड
(सेवा निवृत्त केंद्रीय जेल अधीक्षक)
बिलासपुर, छत्तीसगढ़
(नया अध्याय, उत्तराखण्ड)
महात्मा गाँधी और लाल बहादुर शास्त्री
को सादर नमन (कविता)
गांधी की लाठी, सत्य की राह,
अहिंसा का दीप जलाया जहाँ।
सत्य और प्रेम का संदेश दिया,
भारत माँ को आजाद कराया वहाँ।
लाला बहादुर, सादगी के प्रतीक,
“जय जवान जय किसान” जिंदाबाद
दुश्मन के सामने भी डटे रहे सदा,
देश की आन-बान-शान रहे आबाद।
दोनों ने दी देश सेवा की हमें दी मिसाल,
एक का सत्य, दूसरे का साहस बेमिशाल
गांधी की राह पर चला शास्त्री,
देशभक्ति का दीप जलाकर किया कमाल।
नमन दोनों महापुरुषों को,
जिनकी याद में देश खड़ा है।
गाँधी और शास्त्री की जय हो,
जिनसे भारत माँ का मान बढ़ा है।






