नगूनूर त्रिकूट मंदिर का शैक्षणिक भ्रमण एसआरआर शासकीय महाविद्यालय के विद्यार्थियों ने देखी काकतीय काल की स्थापत्य कला।

Spread the love

 

 

सौजन्य: डॉ.यल.कोमुरा रेड्डी

(असिस्टेंट प्रोफ़ेसर आफ हिंदी) 

करीमनगर, तेलंगाना

 

             (नया अध्याय, उत्तराखण्ड)

 

             नगूनूर त्रिकूट मंदिर का शैक्षणिक भ्रमण

 

      एसआरआर शासकीय महाविद्यालय के विद्यार्थियों

            ने देखी काकतीय काल की स्थापत्य कला।

 

        विश्व पर्यटन दिवस के अवसर पर एसआरआर शासकीय कला एवं विज्ञान महाविद्यालय (स्वायत्त), करीमनगर के ‘युवा पर्यटन मंडल’ के तत्वावधान में विद्यार्थियों ने नगूनूर स्थित ऐतिहासिक त्रिकूट मंदिर का शैक्षणिक एवं सांस्कृतिक भ्रमण किया। इस भ्रमण का उद्देश्य विद्यार्थियों को भारत की ऐतिहासिक और सांस्कृतिक विरासत से परिचित कराना था।

 

              इस अवसर पर महाविद्यालय के प्राचार्य आचार्य के. रामकृष्णा ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि आज पर्यटन के क्षेत्र में रोजगार के अनेक नए अवसर उपलब्ध हो रहे हैं। विद्यार्थियों को इन अवसरों की जानकारी लेकर अपने भविष्य के लिए उनका लाभ उठाना चाहिए। उन्होंने ऐतिहासिक और सांस्कृतिक धरोहरों की रक्षा करने की आवश्यकता पर भी जोर दिया।

 

            युवा पर्यटन मंडल के संयोजक कनापर्ति सुधाकर ने बताया कि नगूनूर के त्रिकूट मंदिर का निर्माण लगभग 12वीं–13वीं शताब्दी में काकतीय काल में हुआ था। यह मंदिर काकतीय राजाओं की कला, स्थापत्य और शिल्पकला का सुंदर उदाहरण है। उन्होंने कहा कि ऐसी ऐतिहासिक धरोहरें हमारी संस्कृति और इतिहास की पहचान हैं। इन्हें सुरक्षित रखना हम सभी की जिम्मेदारी है।

 

        पर्यटन मंडल के संकाय सदस्य ए. रामकिशन एवं जी. राजेंद्र ने विद्यार्थियों को प्रेरित करते हुए कहा कि इस तरह के शैक्षणिक भ्रमण से विद्यार्थियों को पुस्तकों में पढ़ी गई बातों को प्रत्यक्ष रूप से समझने का अवसर मिलता है। इससे उनका व्यावहारिक ज्ञान बढ़ता है।

 

         भ्रमण के दौरान विद्यार्थियों ने काकतीय काल की मंदिर निर्माण शैली, सुंदर मूर्तियों, पत्थरों पर की गई नक्काशी तथा उस समय के शिल्पकारों की कला और कौशल को करीब से देखा। विद्यार्थियों ने मंदिर की ऐतिहासिक विशेषताओं और स्थापत्य कला के बारे में जानकारी प्राप्त की।

 

       विद्यार्थियों ने अपने अनुभव साझा करते हुए कहा कि यह भ्रमण उनके लिए बहुत ही ज्ञानवर्धक और आनंददायक रहा। इस यात्रा से उन्हें इतिहास, पुरातत्व और भारतीय संस्कृति को समझने का नया अवसर मिला। उन्होंने कहा कि ऐसे भ्रमण भविष्य में ऐतिहासिक और पुरातात्त्विक अध्ययन के लिए भी उपयोगी होंगे।

 

           

 

             इस सफल शैक्षणिक भ्रमण के लिए महाविद्यालय के प्राचार्य प्राध्यापक के. रामकृष्ण, उप-प्राचार्य नितिन पाठक, टी. राजैया, महाविद्यालय प्राध्यापक संघ के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. के. सुरेंद्र रेड्डी, कर्मचारी मंडल सचिव मल्लाराम श्रीनिवास रेड्डी तथा कला संकाय के प्राध्यापक एम. सत्य प्रकाश, सीएच. प्रवीणा, वी. राजेशम, सोम नरसैया, श्रीनिवास राव, सतीश रेड्डी, श्रीनिवास, विनय, सत्यनारायण, नागैया, कट्टा वेणु और के. अर्जुन ने भाग लेने वाले सभी शिक्षकों एवं विद्यार्थियों को बधाई दी।

  • Related Posts

    प्रकृति का अनुपम उपहार निर्मल नदियां हुई अब मैली-मैली       

    Spread the love

    Spread the love  प्रमोद दीक्षित मलय                 (नया अध्याय, उत्तराखण्ड)    विश्व नदी दिवस प्रकृति का अनुपम उपहार निर्मल नदियां हुई अब मैली-मैली  …

    खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता पर उठते सवाल।

    Spread the love

    Spread the love  आर.सूर्य कुमारी              (नया अध्याय, उत्तराखण्ड)         खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता पर उठते सवाल।   खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता…

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *

    You Missed

    प्रकृति का अनुपम उपहार निर्मल नदियां हुई अब मैली-मैली       

    • By User
    • September 25, 2026
    • 11 views
    प्रकृति का अनुपम उपहार निर्मल नदियां हुई अब मैली-मैली        

    खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता पर उठते सवाल।

    • By User
    • September 25, 2026
    • 7 views
    खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता पर उठते सवाल।

    विश्व फार्मासिस्ट दिवस के अवसर पर फार्मा शिष्टों का हुआ सम्मान।

    • By User
    • September 25, 2026
    • 5 views
    विश्व फार्मासिस्ट दिवस के अवसर पर फार्मा शिष्टों का हुआ सम्मान।

    मां-बच्चे के पोषण पर जोर, आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों को मिला सम्मान।

    • By User
    • September 25, 2026
    • 8 views
    मां-बच्चे के पोषण पर जोर, आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों को मिला सम्मान।

    मथुरा में प्रेरणा हिंदी प्रचारिणी सभा का राष्ट्रीय सम्मेलन 26 से, जुटेंगे 175 से अधिक साहित्यकार।

    • By User
    • September 25, 2026
    • 12 views
    मथुरा में प्रेरणा हिंदी प्रचारिणी सभा का राष्ट्रीय सम्मेलन 26 से, जुटेंगे 175 से अधिक साहित्यकार।

    विसर्जन से पहले अलियापुर घाट का डीएम-एसपी ने लिया जायजा, गोताखोरों के साथ एंबुलेंस व मेडिकल टीम रहेगी तैनात।

    • By User
    • September 25, 2026
    • 12 views
    विसर्जन से पहले अलियापुर घाट का डीएम-एसपी ने लिया जायजा, गोताखोरों के साथ एंबुलेंस व मेडिकल टीम रहेगी तैनात।